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किटो डाइट क्या है ?

केटोजेनिक डाइट या कीटो आहार ऐसा आहार होता है जिसमे वसा कीअधिक मात्रा , प्रोटीन पर्याप्त मात्रा में और कार्बोहायड्रेट कम मात्रा में लिया जाता है। इस प्रकार की डाइट में अनाज , दूध और कुछ फलो और कुछ सब्जियों जैसे आलू ,केला, शकरकंद आदि का सेवन नहीं किया जाता है और ज्यादा वसा वाले खाने को ऊर्जा के मुख्य स्त्रोत की तरह उपयोग किया जाता है।

20 से अधिक अध्ययनों से पता चलता है कि इस प्रकार का आहार आपको अपना वजन कम करने और आपके स्वास्थ्य में सुधार करने में मदद कर सकता है। हालाँकि इस प्रकार की डाइट का प्रयोग किसी डॉक्टर या डिएटिशियन से सलाह लेके ही करना चाहिए ।

किटो आहार से मधुमेह, कैंसर, मिर्गी और अल्जाइमर रोग में भी लाभ मिलता है

सामान्य तौर पर हमारा शरीर कार्बोहायड्रेट से ही ऊर्जा प्राप्त करता है परन्तु जब शरीर में कार्बोहायड्रेट की कमी होती है तो वसा का प्रयोग ऊर्जा के लिए होने लगता है । केटोजेनिक डाइट इसी सिद्धांत पर काम करती है और आपका शरीर ऊर्जा के लिए वसा को केटोन्स में बदल देता है, जो मस्तिष्क के लिए ऊर्जा की आपूर्ति करता है ।

किटो आहार में किन चीज़ो का उपयोग वर्जित है?

अब यहाँ हम बात करते है उन चीज़ो की जिनका प्रयोग कीटो डाइट में कम से कम किया जाता है या जिनका प्रयोग वर्जित है । यहां हम उन खाद्य पदार्थों की एक सूची है जिन्हें किटोजेनिक डाइट के अनुसार कम करने की ज़रूरत है

मीठे पदार्थ: चॉकलेट, मिठाइयाँ, सोडा, फलों का रस, स्मूदी, केक, आइसक्रीम, कैंडी, आदि।
अनाज या स्टार्च: गेहूं , चावल, पास्ता, आदि।
बीन्स या फलियाँ: मटर, राजमा, दाल, छोले, आदि।
जड़ वाली सब्ज़िया: आलू, शकरकंद, गाजर, आदि।
कम वसा वाले या आहार उत्पाद: नमकीन और रेडी मेड खाने का सामान जैसे चिप्स और कुरकुरे जिनमे कार्बोहाइड्रेट ज़्यादा होता है।
किटो आहार में शराब का सेवन भी नहीं करना चाहिए। चीनी मुक्त आहार खाद्य पदार्थ भी वर्जित है।

किटो आहार में किन चीज़ो को बढ़ावा दिआ गया है ?

अब बात करते है इस केटोजेनिक डाइट में किन चीज़ो को अपने आहार में शामिल करना होता है :


वसायुक्त मछली: जैसे सैल्मन, ट्राउट, ट्यूना और मैकेरल।
अंडे: पास्ता या ओमेगा -3 से भरपूर अंडे।
मक्खन और क्रीम
पनीर:
नट और बीज: बादाम, अखरोट, सन बीज, कद्दू के बीज, चिया बीज, आदि।
स्वस्थ तेल: मुख्य रूप से एक्स्ट्रा वर्जिन ऑलिव ऑयल, नारियल तेल और एवोकैडो तेल।
एवोकाडोस:
लो-कार्ब सब्जियाँ: हरी सब्जियाँ, टमाटर, प्याज, मिर्च, आदि।
मसाले: आप नमक, काली मिर्च और विभिन्न स्वस्थ जड़ी बूटियों और मसालों का उपयोग कर सकते हैं।

मांस: अगर आप नॉनवेज खाते है तो आपको इन चीज़ों का सेवन अधिक करना चाहिए रेड मीट यानि लाल मांस, सॉसेज, चिकन और पेरू पक्षी

किटो आहार के साइड इफेक्ट्स ?

हालांकि केटोजेनिक आहार स्वस्थ लोगों के लिए सुरक्षित है, लेकिन आपके शरीर के अनुकूल होने पर कुछ प्रारंभिक दुष्प्रभाव हो सकते हैं।

इसे अक्सर कीटो फ्लू के रूप में जाना जाता है और आमतौर पर कुछ दिनों के भीतर खत्म हो जाता है।

किटो फ़्लू में ऊर्जा की कमी और मानसिक कमज़ोरी , भूख में वृद्धि, अनिद्रा , मतली, पाचन की गड़बड़ी और व्यायाम करने में परेशानी शामिल है।

इसे कम करने के लिए, आप पहले कुछ हफ्तों तक नियमित कम कार्ब आहार खाने की कोशिश करें । यह करने से आपके शरीर को अधिक वसा जलाने का आदत बन जाएगी और साइड इफेक्ट्स का असर कम होगा ।

किटो आहार सभी के लिए नहीं है

किटो आहार उन लोगों के लिए बहुत अच्छा हो सकता है जो अधिक वजन, मधुमेह या अपने मेटाबोलिक स्वास्थ्य में सुधार चाहते है।

जो लोग अपना वज़न बढ़ना चाहते है उनके लिए किटो डाइट नहीं है।

और यह तभी काम करता है जब आप इसे लम्बे समय तक प्रयोग में लाए।

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